शनिवार, 20 सितंबर 2014

टीवी हेडलाइन लिखना और क्लिप्स का चुनाव


 

प्रस्तुति-- निम्मी नर्गिस, मनीषा यादव

लाइव टीवी की दुनिया में समय का बड़ा महत्व है और ऐसे में सही हेडलाइन लिखना और उसके लिए सही क्लिप को जल्दी से जल्दी चुनना एक हुनर से कम नहीं. हेडलाइन लिखने और क्लिप चुनने के बारे में बीबीसी पत्रकार ब्रायन व्हेल के कुछ उपयोगी सुझाव.

टेलीविज़न हेडलाइन लिखना और क्लिप्स का चुनाव

ब्रायन व्हेलन

पहले से सोचें

सबसे महत्वपूर्ण बात है पहले से आभास कर लेना. जो हो रहा है उसका अंदाज़ा उसके घटित होने से पहले हो जाना चाहिए. यदि प्रधानमंत्री कोई भाषण दे रहे हैं तो इसका पता होना चाहिए और इसे लाइव देखना चाहिए, ना कि होने के बाद रिकॉर्डिंग खंगालें. समय महत्वपूर्ण है और आपको हेडलाइन के लिए उसमें से कुछ देना होगा.

साथ ही आपको ये सुनिश्चित करना होगा कि भाषण की रिकॉर्डिंग सही तरीक़े से हो रही है क्योंकि यदि लाइव प्रसारण के समय किसी ने प्रधानमंत्री की आवाज़ के ऊपर कोई तस्वीर लगा दी तो हेडलाइन में उसका इस्तेमाल नहीं हो सकेगा इसलिए पहले से पता रहने पर आप इनका ध्यान रख सकेंगे और हेडलाइन आसानी से तैयार कर सकेंगे.

साउंडबाइट का इस्तेमाल

यदि कभी ऐसा हो तो किसी ज़रूरी साउंडबाइट में दो अलग हिस्से हों जिसमें बीच के अंश में कुछ लंबा कहा जा रहा हो तो हम साउंडबाइट के दूसरे हिस्से को इस्तेमाल करते हैं और प्रेज़ेंटर उसे प्रस्तुत कर देता है.

सामान्यतः किसी क्लिप के ख़त्म होने के बाद दो सेकेंड की ख़ामोशी होनी चाहिए अन्यथा जब इसे अगले आइटम के साथ मिक्स किया जाएगा तो ये साउंडबाइट रूकी हुई प्रतीत होगी इसलिए यदि दो सेकेंड न हों तो आपको समय रहते तो आपको गैलरी डायरेक्टर को बताना चाहिए जिससे कि वो और पहले मिक्स कर सके.

हेडलाइन फ़ॉरमैट

सामान्य परिस्थितियों में साउंडबाइट में प्रेज़ेंटर की कही बातों को नहीं दोहराया जाता. मगर यदि साउंडबाइट उस रिपोर्ट का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा हो तो हम हेडलाइन में पहले साउंडबाइट बजाकर उसके बाद फिर प्रेज़ेंटर को कुछ पढ़ने के लिए कह सकते हैं.

न्यूज़रीडर: “श्रीमती थैचर का जवाब था – नहीं, और यदि किसी ने उनसे यू-टर्न लेने की उम्मीद की थी, तो वे निराश होने जा रहे थे.”

साउंडबाइट: “अगर आप यू-टर्न चाहते थे, तो ये महिला टर्न लेनेवाली महिला नहीं है.”

न्यूज़रीडर: “श्रीमती थैचर ने ये फिर कहा. उनकी सरकार चाहती है कि उनकी आर्थिक नीति किसी निष्कर्ष तक पहुँचे."

सही और ताज़ा जानकारी

हेडलाइन लिखते समय या किसी क्लिप को काटते समय एक साधारण ग़लती है कि आप रिपोर्ट का मतलब ही भूल जाएँ.

आपको साथ ही उस समाचार में अंतिम समय में होने वाले परिवर्तनों से भी अवगत रहना चाहिए. ये हो सकता है कि जब आप कोई क्लिप काट रहे हों तो उसी समय एक और बेहतर क्लिप आ जाए. इसलिए याद रखें कि आप एक टीम का हिस्सा हैं और आप किसी अन्य से ऐसी चीज़ों पर नज़र रखने के लिए कह सकते हैं. ऐसे में यदि कुछ बेहतर आ गया हो तो आप उसका इस्तेमाल कर सकेंगे.

हेडलाइन का क्रम

आपको हेडलाइन की व्यवस्था के बारे में भी सोचना होगा. आपको पसंद के बारे में सोचना होगा. कुछ हेडलाइन आराम से एक-दूसरे के साथ जाते दिखाई देंगे क्योंकि उनमें एक कड़ी दिखाई देती है, मगर कई बार ऐसा नहीं भी होगा.

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें