रविवार, 15 जनवरी 2012

परपरागत लोक माध्यमों का भी महत्व : लाठर


Feb 28, 07:04 pm






कुरुक्षेत्र, जागरण संवाद केंद्र : कुवि के युवा एवं सांस्कृतिक कल्याण विभाग के निदेशक अनूप लाठर ने कहा कि परंपरागत लोक माध्यमों को रचनात्मक तरीके से प्रयोग कर सरकार व उसके विभागों की विभिन्न योजनाओं को लोगों तक आसानी से पहुंचाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि निरंतर बढ़ी साक्षरता की दर के बाद भी इनका अपना ही महत्व है। परंपरागत लोक माध्यमों के प्रति लोगों के मन में आज भी लगाव है। वह सोमवार को कुवि फैकल्टी लॉज में जनसंचार एवं मीडिया प्रौद्योगिकी संस्थान के तत्वावधान में सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों के लिए आयोजित कार्यशाला में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि प्रचार प्रसार की भाषा व विषय वस्तु उसी देश प्रदेश के लोगों की जुबान में हो तो वह लंबे समय तक लोगों के दिलो दिमाग में रहती है। इसलिए सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों को चाहिए कि रचनात्मक तरीके से लोक माध्यमों को सरकार की गतिविधियों के प्रसार प्रचार के लिए प्रयोग करे। जनसंचार एवं मीडिया प्रौद्योगिकी संस्थान के प्राध्यापक अशोक शर्मा ने मीडिया के विभिन्न माध्यमों के लिए लेखन की नई तकनीक से प्रशिक्षुओं को अवगत कराया। उन्होंने बताया कि भारत दुनिया का एक ऐसा देश है जिसमें 45 करोड़ से अधिक युवा ऐसे है जिनकी उम्र 13 से 35 वर्ष के बीच है। अपने मानव संसाधन के कारण ही भारत को दुनिया का संपन्न देश कहा जाता है। यह वर्ग भविष्य का उपभोक्ता भी है और पाठक भी है। इसलिए सूचना एवं जनसंपर्क विभाग को यह समझना चाहिए कि सरकार व विभाग की ओर से जारी किए जाने वाली प्रेस रिलीज, फीचर व भाषणों में युवाओं के लिए क्या होता है? उन्होंने सभी अधिकारियों व कर्मचारियों से प्रेस विज्ञप्ति लेखन में नई शैलियों को अपनाने को कहा। इस मौके पर उन्होंने इटरनेट, ब्लॉग, ईमेल का अधिक से अधिक प्रयोग करने की भी सलाह दी। संस्थान के प्राध्यापक आबिद अली ने बताया कि किस तरह से कर्मचारी रेडियो का प्रयोग भी प्रचार-प्रसार के लिए कर सकते है।
संचार एवं मीडिया प्रौद्योगिकी संस्थान के तत्वावधान में आयोजित पाच दिवसीय कार्यशाला के समापन अवसर पर प्रदेश सरकार के सूचना जनसंपर्क एवं सास्कृतिक कल्याण विभाग के निदेशक शिव रमन गौड मुख्य अतिथि होंगे, जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. डीडीएस संधू करेगे। संस्थान के निदेशक प्रो. राजबीर सिंह ने बताया कि इस समारोह में प्रदेश भर से आए सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों को प्रशिक्षण संबंधी प्रमाणपत्र वितरित किए जाएंगे।






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